दहेज लोभी थाना प्रभारी का हैरतअंगेज कारनामा, आईजी ने कही कार्यवाही की बात
ग्वालियर मध्य प्रदेश ग्वालियर से एक ऐसा हैरान करने वाला मामला सामने आ रहा है जहाँ एक दहेज लोभी थाना प्रभारी का रिश्ता जब दहेज के चलते टूट गया तो उसने एक परिचित को ही इसका दोषी मान लिया। फिर थाना प्रभारी ने षड्यंत्र का ऐसा जाल रचा के इस परिचित की जिंदगी बर्बाद हो जाए। इस पर एक के बाद एक कई एफआईआर दर्ज की और उसे भगोड़ा साबित करके एनकाउंटर की तैयारी तक कर ली।
शिवपुरी जिले के अमोला थाना प्रभारी अंशुल गुप्ता की सगाई कुछ महीना पहले शिवपुरी जिले के खोड़ में हुई थी। लेकिन सब इंस्पेक्टर साहब की दहेज की डिमांड अचानक से बढ़ गई इसके कारण लड़की वालों ने रिश्ता तोड़ दिया महेंद्र सिंह का कसूर सिर्फ इतना है कि वह लड़की वालों का परिचित है अब महेंद्र सिंह की पत्नी सुषमा का कहना है कि अमोला थाना प्रभारी अंशुल गुप्ता को यह शक है कि उनकी सगाई उनके पति महेंद्र सिंह ने तुड़वाई हैं।
बस इसी सब की वजह से उन्होंने महेंद्र सिंह और उनके परिवार का जीना हराम कर दिया है महेंद्र सिंह के खिलाफ आर्म्स एक्ट से लेकर और कई गंभीर मामले दर्ज कर। सब इंस्पेक्टर अंशुल गुप्ता ने उन्हें खूंखार भगोड़ा अपराधी बना दिया। एक के बाद एक कई केस दर्ज होने के बाद महेंद्र सिंह और उनके परिवार कानून की नजर में अपराधी बन गया है और भागा भागा फिर रहा है। महेंद्र सिंह की पत्नी सुषमा ग्वालियर रेंज के आईजी अरविंद सक्सेना से मिली उन्होंने अपना दुखड़ा उन्हें सुनाया और उन्होंने थाना प्रभारी की हरकतों के बारे में आईजी को अवगत कराया।
महिला सुषमा का कहना है कि उनके पति को अपराधी बनाकर वह उनका एनकाउंटर करना चाहता है जबकि थाना प्रभारी अंशुल गुप्ता ने सगाई के बाद अचानक से दहेज की डिमांड करना शुरू कर दी इसके कारण लड़की वालों ने उनका रिश्ता तोड़ दिया मेरे पति का कसूर सिर्फ इतना है कि वह लड़की वालों के परिचित में है जिस गांव में थाना प्रभारी अंशुल गुप्ता की सगाई हुई थी उस परिवार से हमारे पारिवारिक ताल्लुक हैं। बस यही थाना प्रभारी को नागवार गुजर रहा है। डर के मारे बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे पति नौकरी नहीं कर पा रहे इसके कारण हमारे घर पर खाने की भी लाले हो गए हैं। अंशुल गुप्ता अमोल का थाना प्रभारी है और इसी का नाजायज फायदा उठा रहा है वह शक के विनाह पर रंजिश पाल कर बैठा हुआ है।
