सरकारी कर्मचारियों के लिए काम की खबर! फैमिली पेंशन के नियम में बदलाव, अब हर साल देनी होगी ये जानकारी, जानें डिटेल्स
केन्द्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए काम की खबर है। केंद्र की मोदी सरकार ने फैमिली पेंशनर्स के लिए एक स्पष्टीकरण जारी किया है।इसमें कहा गया है कि अगर किसी सरकारी कर्मचारी की मृत्यु हो जाती है और उसके पेरेंट्स पेंशन ले रहे हैं, तो दोनों को हर साल लाइफ सर्टिफिकेट यानी जीवन प्रमाण पत्र जमा करना अनिवार्य होगा, ताकी गड़बड़ी को रोका जा सके।अगर वे हर साल जीवन प्रमाण पत्र नहीं जमा करते है तो उन्हें बढ़ी हुई दर पर पेंशन नहीं मिलेगी।इस आदेश को पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग (DoPPW) ने जारी किया है।आईए इसे विस्तार से समझते है……
- कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय (DoPPW) के स्पष्टीकरण के मुताबिक, अगर कोई सरकारी कर्मचारी अविवाहित या विधुर/विधवा अवस्था में है और उसका बिना बच्चों के निधन हो जाता है, तो उसके माता-पिता को आश्रित पेंशन दी जाएगी। दोनों माता-पिता जीवित होने पर यह पेंशन अंतिम वेतन के 75% के बराबर होगी ।यदि केवल एक अभिभावक जीवित है तो 60% के हिसाब से पेंशन मिलेगी। इसके साथ ही अब दोनों पेरेंट्स को हर साल नवंबर में अपना पर्सनल लाइफ सर्टिफिकेट जमा करना होगा।
- यदि किसी एक का निधन हो जाता है, तो अगले साल केवल जीवित अभिभावक का सर्टिफिकेट देना होगा और पेंशन अपने आप 60% पर आ जाएगी।बता दे कि यह पेंशन तब भी मिलती है भले ही माता-पिता की अपनी कोई आय का स्रोत हो।
- अब तक के नियमों में ऐसा कोई प्रावधान नहीं था कि दोनों माता-पिता को जीवन प्रमाण पत्र जमा करना जरूरी है लेकिन अब इसे अनिवार्य कर दिया गया है।
- यदि किसी कारण से लाइफ सर्टिफिकेट 30 नवंबर तक जमा नहीं किया जाता, तो दिसंबर से पेंशन पेमेंट रोक दिया जाएगा। सर्टिफिकेट जमा करने के बाद पेंशन दोबारा शुरू तो हो जाएगी, लेकिन रुके हुए पीरियड की रकम वापस नहीं मिलेगी।
क्यों जरूरी है जीवन प्रमाण पत्र
- जीवन प्रमाण पत्र पेंशनभोगियों के लिए एक बायोमेट्रिक सक्षम डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र है। यह केंद्र सरकार, राज्य सरकार और अन्य शासकीय संस्थान के रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण होता है। इससे पता चलता है कि पेंशन पाने वाला व्यक्ति जीवित है या नही। नियम के तहत 60 साल से 80 साल की उम्र वाले हर पेंशनर को 1 नवंबर से 30 नवंबर के बीच अपना जीवन प्रमाण पत्र या लाइफ सर्टिफिकेट जमा करना होता है। 80 साल के सुपर सीनियर पेंशनर को 1 अक्टूबर से 30 नवंबर के बीच में ये सर्टिफिकेट जमा करना होता है।
- पेंशनर जीवन प्रमाण ऐप के जरिए डिजिटल रूप से सर्टिफिकेट जमा कर सकते हैं। इसके लिए आधार ऑथेंटिकेशन और फेस स्कैनिंग की जरूरत होती है। इसके अलावा, बैंक, पोस्ट ऑफिस या सीनियर सिटीजन के लिए डोरस्टेप सर्विस के जरिए भी प्रमाण पत्र जमा किया जा सकता है।
