नरोत्तम आजकल काजू बादाम खिला रहे मकाऊ तोतों को, खरगोश को घास
ग्वालियर।मकाऊ तोते को वह काजू, बादाम खिला रहे हैं। वहीं खरगोश व घोड़े को हरी घास, सब्जियां और मोर आदि को दाना भी डाल रहे हैं। अब ज्यादा समय पाले हुये पशु पक्षियों को देने से यह सब उन्हें पहचानने भी लगे हैं। डा. मिश्रा आओ आओ कहकर खरगोशों को बुलाते है, तो सभी उनके पास आने भी लगे है, वहीं मकाऊ तोतों के वह पिंजरे में भी चले जाते हैं। तोते उन्हें दादा दादा कहकर भी बुलाने लगे हैं। डबरा के स्थानीय नागरिक भी अपने प्रिय नेता को प्रतिदिन डबरा में देखकर खुश है। डबरा के लोगों के हर सुख दुख में साथ रहने वाले नरोत्तम का पूरा जीवन डबरा के ही लोगों में बीता है। वह सभी के साथ सुबह व सायंकाल वाक भी करते हैं।
