टीम मेहता ही क्यों
क्या मेहताजी अंतराष्ट्रीय टीम में खेले हैं .यह सवाल अब हर कोई व्यक्ति उठा रहा है. क्या सभी पद किर्केट खेलने बालों के पास हैं .युवराज का फैसला बदलवा ने बाली टीम मेहता आखिर कब तक नए चेहरों को आगे आने से रोकना चाहती है और क्यों .जीडीसीए हो या एमपीएल हर जगह इन्हीं को चाहिए . यह सभी एक गड्डे में ठहरे पानी की तरह हैं जिसमें से अब बदबू आने लगी है .जीडीसीए में इन्होने क्या ,क्या किया सबके सामने है .मर्यादा बस लोग मुंह नहीं खोल रहे हैं ,वर्ना इनकी तो बखिया उधेड़ी जा सकती है .दो युवाओं को युवराज ने आगे लाने का निस्चय किया तो इनके पेट में दर्द उठा और फैसला बदलबा दिया .मगर यह तय है की आने बाला समय इनको सबक जरूर सिखाएगा .
