प्रदेश के साढ़े चार लाख से ज्यादा कर्मचारी अनिश्चितकालीन काम बंद हड़ताल की तैयारी में, ठप हो सकती है शासन की व्यवस्थाएं
कर्ण मिश्रा, ग्वालियर। मध्य प्रदेश में 10 मार्च से शुरू होने वाले विधानसभा सत्र के बाद शासन की सभी व्यवस्थाएं एकदम ठप हो सकती है। प्रदेश के साढ़े चार लाख से ज्यादा कर्मचारी अनिश्चितकालीन काम बंद हड़ताल पर जाने की तैयारी में है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार को अपनी 09 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपकर कर्मचारी संगठन ने चेतावनी दी है।
दरसअल प्रदेश के सभी शासकीय कर्मचारियों के साथ संविदा आउटसोर्स कर्मचारी अनिश्चितकालीन काम बंद हड़ताल पर जा सकते हैं। प्रदेश के संयुक्त कर्मचारी संगठन के द्वारा नेता प्रतिपक्ष से उनकी 9 सूत्रीय मांगों को विधानसभा सत्र के दौरान ध्यानाकर्षण में उठाने के लिए निवेदन किया है। उमंग सिंगार ने भी ध्यानाकर्षण के दौरान उनकी मांगों को उठाने का आश्वासन दिया है
