मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का पर बड़ा बयान, बोले ‘आंदोलन जरूरी है, लेकिन मर्यादा नहीं टूटनी चाहिए’
इंदौर में आयोजित पौधारोपण कार्यक्रम के दौरान मध्य प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने Gen-Z आंदोलन को लेकर बड़ा बयान दिया। दरअसल उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में आंदोलन करना हर नागरिक का अधिकार है, लेकिन विरोध के दौरान मर्यादा और सम्मान बनाए रखना भी उतना ही जरूरी है। उन्होंने प्रधानमंत्री को लेकर हुई टिप्पणियों पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी।
दरअसल इंदौर के कृषि महाविद्यालय परिसर में “एक पेड़ मां के नाम” महाअभियान के तहत 15 हजार पौधे लगाए गए। इस मौके पर मीडिया से बातचीत करते हुए कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि भारत की संस्कृति हमेशा सम्मान और संयम की रही है। उन्होंने कहा कि किसी भी आंदोलन का उद्देश्य अपनी बात लोकतांत्रिक तरीके से रखना होना चाहिए, न कि ऐसी भाषा का इस्तेमाल करना जिससे समाज या देश की गरिमा पर असर पड़े। उन्होंने कहा कि असहमति और विरोध लोकतंत्र की ताकत है, लेकिन उसकी भी एक सीमा होती है।
Gen-Z प्रदर्शन पर बोले विजयवर्गीय
वहीं कैलाश विजयवर्गीय ने जंतर-मंतर पर हुए Gen-Z प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री के खिलाफ जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया गया, वह भारतीय संस्कृति और सामाजिक मूल्यों के अनुरूप नहीं थी। उन्होंने कहा कि हमारे यहां महिलाओं और बेटियों को सम्मान का प्रतीक माना जाता है, इसलिए सार्वजनिक मंचों से किसी के लिए भी आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल नहीं होना चाहिए। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी बात रखने और आंदोलन करने का अधिकार है, लेकिन विरोध की भाषा मर्यादित होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री ने इस पूरे मामले को आगे नहीं बढ़ाया और इसे समाप्त मान लिया। विजयवर्गीय के मुताबिक, जिन लोगों ने आपत्तिजनक बयान दिए थे, वे अब सार्वजनिक रूप से माफी मांग रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह पूरा घटनाक्रम इस बात का संदेश देता है कि अभिव्यक्ति की आजादी के साथ जिम्मेदारी भी जरूरी है।
राजनीतिक सफर पर भी रखी अपनी बात
वहीं कार्यक्रम के दौरान विजयवर्गीय ने पर्यावरण संरक्षण को लेकर चल रहे “एक पेड़ मां के नाम” अभियान की भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि इंदौर में 21 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य तय किया गया है, जिसमें शहर और ग्रामीण क्षेत्रों दोनों को शामिल किया गया है। उन्होंने जानकारी दी कि आने वाले दिनों में बड़े स्तर पर पौधारोपण अभियान जारी रहेगा। इसके अलावा उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन का जिक्र करते हुए कहा कि एक समय ऐसा भी था जब उन्होंने कभी सरकार में आने की कल्पना नहीं की थी, लेकिन जनता के विश्वास ने उन्हें यहां तक पहुंचाया। वहीं, हाल में शिवलिंग पर की गई विवादित टिप्पणी के सवाल पर उन्होंने कहा कि समाज में धार्मिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कानून के मुताबिक कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार सामाजिक समरसता बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है और किसी भी तरह की भड़काऊ टिप्पणी को गंभीरता से लिया जाएगा।
