प्रधान आरक्षक और नगर सैनिक को लोकायुक्त ने पकड़ा
मध्य प्रदेश के सतना जिले के मैहर देहात थाना परिसर में बुधवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब लोकायुक्त पुलिस ने दो पुलिसकर्मियों को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों में प्रधान आरक्षक श्यामलाल चौधरी और नगर सैनिक बृजेंद्र कुमार मिश्रा शामिल हैं। आरोप है कि दोनों ने एक मामले में शिकायतकर्ता के खिलाफ धाराएं न बढ़ाने के एवज में 10,000 रुपये की मांग की थी।शिकायतकर्ता आनंद कुमार कुशवाहा ने रिश्वत की मांग की सूचना लोकायुक्त रीवा को दी। लोकायुक्त टीम ने मामले की पुष्टि के बाद जाल बिछाया और तय रकम में से 4,500 रुपये की पहली किस्त लेते हुए दोनों आरोपियों को देहात थाना परिसर में ही पकड़ लिया। जैसे ही लोकायुक्त की टीम ने कार्रवाई की, थाना परिसर में मौजूद पुलिसकर्मी और आमजन सकते में आ गए।गिरफ्तार आरोपी प्रधान आरक्षक श्यामलाल चौधरी (आरक्षक क्रमांक 196) की तैनाती मैहर देहात थाना में थी, जबकि नगर सैनिक बृजेंद्र कुमार मिश्रा (क्रमांक 204), ग्राम करिया पतेर सतना का निवासी है। लोकायुक्त ने दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है।लोकायुक्त पुलिस के मुताबिक, शिकायतकर्ता का मामला देहात थाने में दर्ज था। आरोप है कि मामले में कड़ी धाराएं जोड़ने की धमकी देकर दोनों पुलिसकर्मियों ने रकम वसूलने की कोशिश की। लोकायुक्त टीम ने जैसे ही तय रकम का हिस्सा लेते हुए उन्हें पकड़ा, दोनों के हाथों पर ट्रैप पाउडर के निशान पाए गए, जो रिश्वत लेने के सबूत हैं। इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में खलबली मच गई है। लोकायुक्त अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के मामलों में पुलिसकर्मियों पर भी सख्त नजर रखी जा रही है और ऐसे मामलों में किसी तरह की रियायत नहीं दी जाएगी।
