मध्य प्रदेश मौसम पर बड़ा अपडेट, मानसून ने पकड़ी रफ्तार, आज 18 जिलों में भारी बारिश-बादल-बिजली का अलर्ट
मानसून की सक्रियता के चलते मध्य प्रदेश में लगातार बारिश का दौर जारी है।आज शुक्रवार को 3 जिलों में अति भारी और 15 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। यहां अगले 24 घंटे में साढ़े 8 इंच तक पानी गिर सकता है। बाकी जिलों में हल्की बारिश का दौर जारी रह सकता है।फिलहाल 25 अगस्त तक मौसम का मिजाज यूही बना रहेगा। गुरुवार को नर्मदापुरम में तवा डैम के 13 गेटों में से 7 गेट खुले रहे और रतलाम में केदारेश्वर महादेव मंदिर का झरना सीजन में तीसरी बार बहा।
22 अगस्त: मंदसौर, नीमच, श्योपुरकलां अति भारी वर्षा, झंझावत और वज्रपात कहीं-कहीं। राजगढ़, रतलाम, आगर, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, अनुपपुर, डिंडोरी, मंडला, बालाघाट, निवाड़ी भारी वर्षा, झंझावत और कहीं-कहीं वज्रपात। भोपाल, विदिशा, रायसेन, सिहोर, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगौन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, उज्जैन, देवास, शाजापुर, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना,शहडोल, उमरिया, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, मैहर, पांढुर्णा झंझावत और वज्रपात कहीं-कहीं
23 अगस्त: नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, मुरैना, श्योपुरकलां, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, अनुपपुर, शहडोल, डिंडोरी, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर भारी वर्षा, झंझावत और वज्रपात कहीं-कहीं। भोपाल, विदिशा, रायसेन, सिहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगौन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, मंदसौर, भिंड, उमरिया, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा झंझावत और वज्रपात कहीं-कहीं।
24 अगस्त: ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योपुरकलां, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, शहडोल, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर भारी वर्षा, झंझावत और कहीं-कहीं वज्रपात।भोपाल, विदिशा, रायसेन, सिहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगौन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, अनुपपुर, उमरिया, डिंडोरी, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, दमोह, सागर, पांढुर्णा झंझावत और वज्रपात कहीं-कहीं।
25 अगस्त: रतलाम, उज्जैन, आगर, मंदसौर, नीमच, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, डिंडोरी, सिवनी, मंडला भारी वर्षा, झंझावत और वज्रपात कहीं-कहीं।भोपाल, विदिशा, रायसेन, सिहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगौन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, देवास, शाजापुर, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुरकलां, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, अनुपपुर, शहडोल, उमरिया, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर, पांढुर्णा झंझावत और वज्रपात कहीं-कहीं।
वर्तमान में सक्रिय है कई मौसम प्रणालियां
- वर्तमान में मानसून ट्रफ़ जैसलमेर, कोटा, दतिया, सीधी, रांची, बांकुरा, दीघा से
होकर दक्षिण-पूर्व की ओर बंगाल की खाड़ी के पूर्व-मध्य तक माध्य समुद्र तल से
1.5 किमी की ऊंचाई पर विस्तृत है। गुजरात-महाराष्ट्र तटों के साथ माध्य समुद्र तल पर अपतटीय ट्रफ विस्तृत है। पश्चिमोत्तर मध्य प्रदेश और निकटवर्ती क्षेत्रों में ऊपरी हवा का चक्रवातीय परिसंचरण, माध्य समुद्र तल से 7.6 किमी की ऊंचाई पर सक्रिय है। - एक ऊपरी हवा का चक्रवातीय परिसंचरण उत्तरी ओडिशा और संलग्न पश्चिम बंगाल के गंगा क्षेत्र में माध्य समुद्र तल से 5.8 किमी की ऊंचाई पर सक्रिय है। कच्छ और निकटवर्ती क्षेत्रों में ऊपरी हवा का चक्रवातीय परिसंचरण माध्य समुद्र तल से 5.8 किमी की ऊंचाई पर सक्रिय है। भारतीय क्षेत्र में 24° उत्तरी अक्षांश के साथ माध्य समुद्र तल से 3.1 और 5.8 किमी की ऊंचाई पर विरुपक हवाओं का क्षेत्र (शियर जोन) अवस्थित है
- 1 जून से 21 अगस्त तक कहां कितनी हुई वर्षा
- मध्य प्रदेश में दीर्घावधि औसत से 23% अधिक वर्षा हुई है। पूर्वी मध्य प्रदेश में औसत से 25% और पश्चिमी मध्य प्रदेश 21% अधिक वर्षा हुई है। अब तक औसत 33.1 इंच बारिश हो चुकी है यानि 6.1 इंच पानी ज्यादा गिरा है। प्रदेश की सामान्य बारिश औसत 37 इंच है। अब तक 89 प्रतिशत पानी गिर चुका है।
- प्रदेश में जुलाई में 10 जिलों में कोटा पूरा हो चुका है, लेकिन इंदौर व उज्जैन संभाग के जिलों की स्थिति ठीक नहीं है। पूर्वी हिस्से यानी, जबलपुर, सागर, शहडोल और रीवा संभाग में औसत से 37% और पश्चिमी हिस्से यानी, भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, चंबल और नर्मदापुरम संभाग में 25% बारिश अधिक हुई है।
इस बार सबसे ज्यादा पानी गुना में गिरा है। यहां 45.8 इंच बारिश हो चुकी है। निवाड़ी में 45.1 इंच, मंडला-टीकमगढ़ में 44 इंच और अशोकनगर में 42 इंच के करीब बारिश हो चुकी है।
