Sat. Jun 27th, 2026

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में प्रियंका गांधी ने उठाए बड़े सवाल, बोलीं – ‘क्या छोटे कर्मचारी अकेले कर सकते हैं इतनी बड़ी हेराफेरी

अयोध्या के श्री राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी का मामला अब राजनीतिक बहस का बड़ा मुद्दा बन गया है। दरअसल इस मामले में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह केवल आर्थिक गड़बड़ी का मामला नहीं, बल्कि करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा विषय है। उन्होंने कहा कि भगवान राम के नाम पर मंदिर में आने वाला दान लोगों की श्रद्धा का प्रतीक होता है और उसके साथ किसी भी तरह की गड़बड़ी बेहद गंभीर मानी जानी चाहिए।

दरअसल प्रियंका गांधी ने सोशल मीडिया पर जारी अपने बयान में कहा कि धर्म और विश्वास के नाम पर किसी भी तरह की चोरी या हेराफेरी समाज की मूल भावना को चोट पहुंचाती है। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होनी चाहिए, ताकि किसी भी स्तर पर सच्चाई छिपाई न जा सके।

वहीं प्रियंका गांधी वाड्रा ने अपने बयान में इस बात पर भी सवाल उठाया कि क्या इतने बड़े स्तर की हेराफेरी केवल छोटे कर्मचारियों के दम पर संभव है। उन्होंने कहा कि यह जांच का सबसे अहम विषय होना चाहिए कि यदि सीसीटीवी बंद होने और चढ़ावे में गड़बड़ी जैसी बातें सामने आई हैं, तो क्या इसमें केवल निचले स्तर के कर्मचारी शामिल हो सकते हैं या फिर किसी बड़े स्तर पर भी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।

पूरा सच सामने आए: प्रियंका गांधी वाड्रा

इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इस तरह के मामलों में केवल औपचारिक कार्रवाई या सीमित जांच से लोगों का भरोसा नहीं बनेगा। जांच पूरी तरह निष्पक्ष होनी चाहिए और यदि किसी भी स्तर पर किसी व्यक्ति की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। प्रियंका गांधी का कहना है कि आस्था से जुड़े मामलों में पारदर्शिता सबसे जरूरी होती है, क्योंकि इससे करोड़ों श्रद्धालुओं का विश्वास जुड़ा होता है। उन्होंने यह भी कहा कि जांच ऐसी होनी चाहिए जिस पर किसी तरह का सवाल खड़ा न हो और पूरा सच सामने आए।

जांच पर सभी की नजर

दरअसल राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। विपक्ष लगातार जांच प्रक्रिया और जिम्मेदारी तय करने को लेकर सवाल उठा रहा है, जबकि प्रशासनिक एजेंसियां अपनी जांच आगे बढ़ा रही हैं। इस मामले में पहले ही कई लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की जा चुकी है और जांच एजेंसियां उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed